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पूजा

रुद्राभिषेक

परंपरा में शनि, साढ़े साती से संबद्ध।

परंपरा क्या कहती है

शिवलिंग पर ग्यारह द्रव्यों (पंचामृत, मधु, जल, दूध आदि) से अभिषेक, साथ में यजुर्वेद के श्री रुद्रम् का पाठ। शास्त्रीय शैव महा-अनुष्ठान; पूर्ण महा-रुद्र के लिए ग्रंथ ग्यारह गुना रुद्रम् बताते हैं।

किसे संबोधित करती है

  • शनि
  • साढ़े साती

परंपरागत समय

  • प्रदोष, शिवरात्रि और श्रावण के सोमवारों पर ज़ोर है।
  • त्र्यंबकेश्वर, काशी और द्वादश ज्योतिर्लिंग परंपरा में नामित तीर्थ हैं।
  • ग्यारह रुद्रम् से एक रुद्र; ग्यारह रुद्र से महा-रुद्र; ग्यारह महा-रुद्र से अति-रुद्र।

स्रोत

Sri Rudram (Krishna Yajur-veda); Rudrabhishek-paddhati

आम सवाल

रुद्राभिषेक क्या है?
शिवलिंग पर ग्यारह द्रव्यों (पंचामृत, मधु, जल, दूध आदि) से अभिषेक, साथ में यजुर्वेद के श्री रुद्रम् का पाठ। शास्त्रीय शैव महा-अनुष्ठान; पूर्ण महा-रुद्र के लिए ग्रंथ ग्यारह गुना रुद्रम् बताते हैं।
रुद्राभिषेक किसे संबोधित करती है?
परंपरा में यह शनि, साढ़े साती से जुड़ी है।
रुद्राभिषेक कब की जाती है?
प्रदोष, शिवरात्रि और श्रावण के सोमवारों पर ज़ोर है। त्र्यंबकेश्वर, काशी और द्वादश ज्योतिर्लिंग परंपरा में नामित तीर्थ हैं। ग्यारह रुद्रम् से एक रुद्र; ग्यारह रुद्र से महा-रुद्र; ग्यारह महा-रुद्र से अति-रुद्र।

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