नि:शुल्क खाता बनाएँ

अपनी कुंडली सहेजें, आगे के प्रश्न पूछें, और जहाँ छोड़ा था वहीं से जारी रखें।

कोई पासवर्ड नहीं। हम केवल आपके खाते के बारे में ईमेल करते हैं।

राशि

वैदिक ज्योतिष में मेष राशि

मेष राशि - पहल और प्रबल ऊर्जा। मंगल द्वारा शासित अग्नि तत्व की राशि: वैदिक ज्योतिष में इसके गुण, शक्तियाँ और छाया।

मेष राशि: मूल बातें

मेष एक चर अग्नि तत्व की राशि है, जिसका स्वामी मंगल है। पहल और प्रबल ऊर्जा।

मेष राशि के गुण

मेष राशि कर्म से नेतृत्व करती है - सीधी, प्रतिस्पर्धी और तुरंत शुरुआत करने वाली। विकास की दिशा है धैर्य: जो चिंगारी शुरू होती है उसे पूरा करना।

चर अग्नि का व्यवहार में अर्थ

अग्नि तत्व की राशियाँ आवेग और आत्म-अभिव्यक्ति पर चलती हैं - पहले कर्म, समझ बाद में। चर राशियाँ आरंभ करती हैं - वे ऋतु खोलती हैं और उसी के साथ पहल का भार उठाती हैं। दोनों मिलकर यह बनता है: मेष मंगल का अग्नि है, चर ढाँचे में बँधा हुआ - इसीलिए एक ही व्यक्ति किसी दिन अडिग दिखता है और किसी दिन चुपचाप निर्णायक। तत्व बताता है कि वह क्या चाहता है; स्वभाव बताता है कि वह उसे कैसे पाता है।

आपकी मेष वही न हो जो आपको बताई गई

वैदिक ज्योतिष निरयन (sidereal) राशिचक्र लेता है, जो स्थिर नक्षत्रों से नापा जाता है; जो पश्चिमी राशिफल आप पढ़ते आए हैं वह सायन (tropical) राशिचक्र लेता है, जो संपात बिंदु से नापा जाता है। दोनों के बीच लगभग २४ अंश का अंतर आ चुका है, यानी लगभग २४ दिन। इसलिए पश्चिमी पंचांग में मेष के आरंभ के आसपास पड़ने वाला जन्मदिन यहाँ अक्सर पिछली राशि में आता है - और लोग इसे भूल समझ लेते हैं, जबकि यह दूसरी पद्धति है। यह सुधार नहीं है और कोई भी राशिचक्र ग़लत नहीं; दोनों अलग प्रश्न का उत्तर देते हैं। यदि आपकी तिथि सीमा के पास है, तो निपटारा केवल कुंडली गणना से होगा, तिथि-सूची पढ़ने से नहीं।

मेष आपके लिए किस भाव की स्वामिनी है

हर कुंडली में मेष बारह भावों में से किसी एक में पड़ती है, और कौन-से भाव में - यह पूरी तरह आपके लग्न पर निर्भर है। मेष लग्न हो तो यह प्रथम भाव है और पूरी कुंडली को रंग देती है; छह राशि आगे हो तो यह साझेदारी का भाव संभालती है; और इसी क्रम में आगे। यही कारण है कि "दोनों मेष" होते हुए भी दो लोगों में लगभग कुछ समान नहीं होता - राशि वही है, पर वह जिस भाव की स्वामिनी है वह नहीं, और वैदिक पद्धति में कथा का अधिक भार प्रायः भाव उठाता है, राशि नहीं। स्वामी होने के नाते मंगल जहाँ भी स्थित हो, उसी भाव का प्रतिनिधि बनकर काम करता है।

अपनी कुंडली में मेष

आपकी सूर्य राशि पूरी तस्वीर का सिर्फ़ एक हिस्सा है - वैदिक ज्योतिष में चंद्र राशि और लग्न भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं। यह देखने के लिए कि मेष आपके लिए कहाँ पड़ती है, मुफ़्त जन्म कुंडली बनाएँ।

अपनी चंद्र राशि मुफ़्त में जानें

वैदिक ज्योतिष सूर्य से नहीं, चंद्र राशि से पढ़ता है - और अधिकांश लोगों की चंद्र राशि अलग निकलती है। जन्म विवरण भरें, कोई साइन-अप नहीं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मेष राशि का स्वामी कौन है?
मेष राशि का स्वामी मंगल है, और यह एक चर अग्नि तत्व की राशि है।
मेष राशि के मुख्य गुण क्या हैं?
मेष राशि कर्म से नेतृत्व करती है - सीधी, प्रतिस्पर्धी और तुरंत शुरुआत करने वाली। विकास की दिशा है धैर्य: जो चिंगारी शुरू होती है उसे पूरा करना।
क्या मेष मेरी राशि है?
यह इस पर निर्भर करता है कि आप कौन-सी राशि की बात कर रहे हैं। मुफ़्त वैदिक जन्म कुंडली बनाकर अपनी सूर्य राशि, चंद्र राशि और लग्न देखें - वैदिक ज्योतिष में चंद्र राशि सबसे महत्वपूर्ण मानी जाती है।

Astroniq AI ज्योतिषी

अपनी कुंडली के बारे में पूछें, सरल शब्दों में

ऐसे पृष्ठ सामान्य नियम बताते हैं। आपकी कुंडली विशिष्ट है। Astroniq आपकी वास्तविक वैदिक कुंडली की गणना करता है - ग्रह स्थिति, दशाएँ, योग - और उसका AI ज्योतिषी चैट में आपके प्रश्नों के उत्तर देता है, एक परामर्श की तरह। पहली रीडिंग निःशुल्क, बिना साइनअप।

पूछ कर देखें:

और देखें